guru jee kuch dino pahle tk third eye me Blue colour ki screen dikhai deti thi pr ab kabhi kabhi green.........

Guru jee kuch dino pahle tk third eye me Blue colour ki screen dikhai deti thi pr ab kabhi kabhi green colour second time ke liye aata hai fir kuch nhi dikh rha पहले तीसरी आंख में नीले रंग की स्क्रीन दिखना शांति, गहराई और आध्यात्मिक सुरक्षा का संकेत था। अब बीच-बीच में हरे रंग का आना दर्शाता है कि आपकी साधना की ऊर्जा हीलिंग, संतुलन और हृदय चक्र से जुड़ाव की ओर बढ़ रही है। यह रंग परिवर्तन सामान्य है और साधना के विभिन्न चरणों में होता है। कुछ समय तक रंग न दिखना भी संकेत है कि चेतना आंतरिक स्थिरता ले रही है और मन को विश्राम चाहिए। इसे रुकावट न समझें, बल्कि अभ्यास जारी रखें। धैर्य और नामजप से आगे और गहरे अनुभव होंगे।

jab main dhyan karta hu ya bina dhyan ke bhi aankh band karne par bhi mujhe gufa dikhai deti hai, iska kya matlab hai. ?

 jab main dhyan karta hu ya bina dhyan ke bhi aankh band karne par bhi mujhe gufa dikhai deti hai, iska kya matlab hai. ?


जब आप ध्यान करते हैं या बिना ध्यान के भी आँखें बंद करने पर आपको "गुफा" दिखाई देती है, तो यह एक आंतरिक अनुभव हो सकता है। यह गुफा आपके अवचेतन मन या अंतरात्मा का प्रतीक हो सकती है। ध्यान में अक्सर मन किसी प्रतीक के रूप में गहराई, शून्यता या आत्मिक यात्रा को दर्शाता है। गुफा, एकांत और आंतरिक खोज का प्रतीक है – जैसे आप स्वयं के भीतर उतर रहे हों। यह कोई डरावनी चीज नहीं है, बल्कि आत्म-अवलोकन और आत्म-ज्ञान की ओर एक संकेत हो सकता है। नियमित ध्यान से इसका अर्थ और स्पष्ट हो सकता है।

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