guru jee kuch dino pahle tk third eye me Blue colour ki screen dikhai deti thi pr ab kabhi kabhi green.........

Guru jee kuch dino pahle tk third eye me Blue colour ki screen dikhai deti thi pr ab kabhi kabhi green colour second time ke liye aata hai fir kuch nhi dikh rha पहले तीसरी आंख में नीले रंग की स्क्रीन दिखना शांति, गहराई और आध्यात्मिक सुरक्षा का संकेत था। अब बीच-बीच में हरे रंग का आना दर्शाता है कि आपकी साधना की ऊर्जा हीलिंग, संतुलन और हृदय चक्र से जुड़ाव की ओर बढ़ रही है। यह रंग परिवर्तन सामान्य है और साधना के विभिन्न चरणों में होता है। कुछ समय तक रंग न दिखना भी संकेत है कि चेतना आंतरिक स्थिरता ले रही है और मन को विश्राम चाहिए। इसे रुकावट न समझें, बल्कि अभ्यास जारी रखें। धैर्य और नामजप से आगे और गहरे अनुभव होंगे।

क्या कुंडलिनी शक्ति हमारा खून पीती है क्या कुंडली शक्ति जागृत होने से शरीर कामजोर हो जाता है

 क्या कुंडलिनी शक्ति हमारा खून पीती है क्या कुंडली शक्ति जागृत होने से शरीर कामजोर हो जाता है?


कुंडलिनी शक्ति हमारा खून नहीं पीती, बल्कि यह शरीर की सूक्ष्म ऊर्जा को जागृत करती है। यह शक्ति हमारी आध्यात्मिक उन्नति का स्रोत है और ऊर्जा के केंद्रों (चक्रों) को सक्रिय करती है। कुंडलिनी जागरण के दौरान शरीर में अस्थायी कमजोरी या थकान हो सकती है, क्योंकि ऊर्जा का प्रवाह तेजी से बढ़ता है और शरीर इसके अनुकूल होने में समय लेता है। यह कमजोरी स्थायी नहीं होती। नियमित साधना, संतुलित आहार, और उचित मार्गदर्शन से शरीर और मन इस ऊर्जा को संभालना सीखते हैं। कुंडलिनी जागरण सही मार्गदर्शन में हो, तो यह व्यक्ति को मानसिक और शारीरिक रूप से सशक्त बनाती है।

Comments

  1. Jab Se main meditation karne Laga Hun tab Se Mera vate loss Ho Gaya hai main Raat Ko 2:00 baje se lekar 3:00 baje tak meditation karta hun isiliye Maine aapse yah prashn kiya tha

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