Kaal chakar dhiyan kaise ki jati h kripya kar bataye

 Kaal chakar dhiyan kaise ki jati h kripya kar bataye ?


काल चक्र ध्यान समय (काल) और चेतना के चक्र को संतुलित करने की एक गूढ़ साधना है। इसे करने की विधि इस प्रकार है:

  1. शांत स्थान पर बैठें, रीढ़ सीधी रखें।
  2. आंखें बंद करके गहरी सांस लें और मन को शांत करें।
  3. मन में एक चक्र (घड़ी) की कल्पना करें, जो समय का प्रतीक है।
  4. उस चक्र को धीरे-धीरे घूमते हुए देखें, जिसमें भूत, वर्तमान और भविष्य एक साथ समाहित हों।
  5. मन में "ॐ कालाय नमः" मंत्र का जाप करें।
  6. स्वयं को समय से परे, शून्य अवस्था में अनुभव करें।

नियमित अभ्यास से समय के बंधन से मुक्ति और उच्च चेतना की अनुभूति होगी। 🙏

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