guru jee kuch dino pahle tk third eye me Blue colour ki screen dikhai deti thi pr ab kabhi kabhi green.........

Guru jee kuch dino pahle tk third eye me Blue colour ki screen dikhai deti thi pr ab kabhi kabhi green colour second time ke liye aata hai fir kuch nhi dikh rha पहले तीसरी आंख में नीले रंग की स्क्रीन दिखना शांति, गहराई और आध्यात्मिक सुरक्षा का संकेत था। अब बीच-बीच में हरे रंग का आना दर्शाता है कि आपकी साधना की ऊर्जा हीलिंग, संतुलन और हृदय चक्र से जुड़ाव की ओर बढ़ रही है। यह रंग परिवर्तन सामान्य है और साधना के विभिन्न चरणों में होता है। कुछ समय तक रंग न दिखना भी संकेत है कि चेतना आंतरिक स्थिरता ले रही है और मन को विश्राम चाहिए। इसे रुकावट न समझें, बल्कि अभ्यास जारी रखें। धैर्य और नामजप से आगे और गहरे अनुभव होंगे।

Meri jab dopahar k waqt aankh lgti hai or 10 min k nap k bad main uthti hun tab mujhe shareer me twz kampan mehsoos hota hai. Ye thik hai?

 Meri jab dopahar k waqt aankh lgti hai or 10 min k nap k bad main uthti hun tab mujhe shareer me twz kampan mehsoos hota hai. Ye thik hai?


जी हाँ, यह अनुभव सामान्य हो सकता है, खासकर जब आप गहरी निद्रा की पहली अवस्था से अचानक जागती हैं। शरीर और मस्तिष्क के बीच संतुलन पूरी तरह नहीं बैठा होता, जिससे कंपन जैसा अनुभव हो सकता है। यह हल्का ऊर्जा संचार भी हो सकता है, खासकर यदि आप ध्यान या जप करती हैं। यदि यह कंपन थोड़े समय में स्वतः ठीक हो जाता है और कोई दर्द या कमजोरी नहीं होती, तो चिंता की बात नहीं है। लेकिन यदि यह बार-बार होता है या असहजता बढ़ती है, तो किसी चिकित्सक या अनुभवी साधक से सलाह लेना उचित रहेगा।

Comments

Popular posts from this blog

guru jee kuch dino pahle tk third eye me Blue colour ki screen dikhai deti thi pr ab kabhi kabhi green.........

परमात्मा क्यों भेजता है आत्मा को संसार में?

Main mantra jaap karti hu. Mere sir ke andar beecho beech dhadkan hoti hai ...........