mujhe fragnances atti hai jaise hawan ki....dheyan bhi lgta hai ...agge kya kre.

mujhe fragnances atti hai jaise hawan ki....dheyan bhi lgta hai ...agge kya kre...meri body sometimes raat ko ajib c sikudne lgti hai jaise body main kuch khivh rha ho...ye kya hai n agge kya krain ??  यदि ध्यान के दौरान या उसके बाद आपको हवन जैसी सुगंध का अनुभव होता है और ध्यान भी सहज लगने लगता है, तो आध्यात्मिक परंपराओं में ऐसे अनुभवों को कभी-कभी मन की सूक्ष्म एकाग्रता या साधना के दौरान होने वाले आंतरिक अनुभवों के रूप में देखा जाता है। इसी प्रकार, रात में शरीर का सिकुड़ना या भीतर कुछ खिंचने जैसा महसूस होना भी कुछ साधकों को ध्यान के समय अनुभव हो सकता है। लेकिन केवल इन अनुभवों के आधार पर किसी निश्चित आध्यात्मिक अवस्था का निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता। आपका लक्ष्य अनुभवों का संग्रह नहीं, बल्कि मन की स्थिरता, नाम सिमरन और ईश्वर के प्रति प्रेम होना चाहिए। यदि ये अनुभूतियाँ बिना दर्द और भय के हैं, तो शांत रहकर नियमित साधना जारी रखें। लेकिन यदि शरीर का सिकुड़ना, दर्द, घबराहट या अन्य असामान्य लक्षण बार-बार हों या बढ़ने लगें, तो किसी योग्य चिकित्सक से भी अवश्य जाँच कराएँ, ताकि किसी शारीरिक...

Mai harroj Om Namah Shivay ki mala jaap karti hoon aur 11 Hanuman chalisa .. Aur Ram naam ka mansik jaap karti hoon To kya sahi hai?? Ki mujhe Shivji ka hi naamjaap karna chahiye??

 Mai harroj Om Namah Shivay ki mala jaap karti hoon aur 11 Hanuman chalisa .. Aur Ram naam ka mansik jaap karti hoon To kya sahi hai?? Ki mujhe Shivji ka hi naamjaap karna chahiye?? Shivji k konsa naamjaap kru ? Ya om namah shivay ka mansik jaap karu ..?ki Ram naam.hi karu?


आप जो जप कर रही हैं, वह बिल्कुल सही है क्योंकि शिव और राम दोनों एक ही परम तत्व के रूप हैं। शिवजी और रामजी का नामजप करने से मन और आत्मा को शांति मिलती है। अगर आप किसी एक नाम पर केंद्रित होना चाहती हैं, तो अपनी आत्मा की पुकार सुनें। अगर शिवजी की ओर आकर्षण अधिक है, तो "ॐ नमः शिवाय" का मानसिक जप करें। शिवजी के अन्य प्रभावशाली मंत्र जैसे "महामृत्युंजय मंत्र" या "ॐ नमः शम्भवाय च मायोभवाय च नमः शंकराय च मयस्कराय च नमः शिवाय च शिवतराय च" का भी जप कर सकती हैं। 🙏

Comments

Popular posts from this blog

guru jee kuch dino pahle tk third eye me Blue colour ki screen dikhai deti thi pr ab kabhi kabhi green.........

मैं जब दीये को एक मिनट व देखु फिर आँखे बंद करू तो दिए की ज्योति मुझें आज्ञा चक्र पर दिखाई देती है.....

परमात्मा क्यों भेजता है आत्मा को संसार में?